एक घंटा देरी से पहुंची फायर ब्रिगेड ने सेवानिवृत्त IAS अधिकारी धनेंद्र कुमार की हौज खास स्थित घर में लगी आग से जान बचाने में नाकाम साबित हुई। दमकल विभाग पर इस मामले में लापरवाही का आरोप है।
रिटायर्ड IAS अधिकारी की मौत: एक घंटा देरी से पहुंची फायर ब्रिगेड, जल्दी आती तो बच सकती थी जान सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी धनेंद्र कुमार की हौज खास स्थित घर में आग लगने से मौत हो गई, जिसमें दमकल विभाग पर एक घंटे से अधिक देरी से पहुंचने का आरोप है।लोकेश शर्मा, नई दिल्ली। हौज खास में एसी के इंडोर यूनिट से घर में आग लग जाने से सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी धनेंद्र कुमार की बुधवार रात हुई मौत के मामले में दिल्ली अग्निशमन विभाग की घोर लापरवाही सामने आई है। फायर बिग्रेड की गाड़ियां आग की सूचना दिए जाने के एक घंटा 12 मिनट बाद मौके पर पहुंचीं, जबकि सबसे नजदीकी अग्निशमन केंद्र मालवीय नगर स्थित गीतांजलि फायर स्टेशन से मौके पर पहुंचने में 10-15 मिनट से अधिक नहीं लगना चाहिए था। फायर ब्रिगेड की गाड़ियों के करीब सवा घंटे देरी से पहुंचने संबंधी धनेंद्र कुमार के मैनेजर अभिषेक रंजन व पड़ोसियों के आरोपों की पुलिस सूत्रों ने भी पुष्टि की है। हालांकि, अग्निशमन विभाग ने किसी तरह की देरी के आरोपों से इन्कार किया है। अभिषेक रंजन ने बताया कि हादसे के समय धनेंद्र कुमार बाथरूम में थे और उनकी पत्नी व लंदन से दो दिन पहले आया बेटा गौरव डाइनिंग रूम में थे। सभी लोग उस समय जगे हुए ही थे। आग लगते ही घर में धुआं फैलते देख गौरव पहले व्हील चेयर पर बैठी मां को किसी तरह फ्लैट से बाहर निकालकर ले गए। उसके बाद पिता को बचाने के लिए पिता के कमरे में आए, लेकिन तब तक कमरे और बाथरूम में धुआं भर चुका था। धनेंद्र कुमार बाथरूम में बेहोश पड़े थे।पुलिस की मदद से उन्हें बाहर निकालने में काफी देर लग गई, तब तक उनके फेफड़ों में काफी धुआं भर चुका था, जिससे अस्पताल ले जाने के बाद उनकी मौत हो गई। अभिषेक का कहना है कि बुधवार रात 11.
18 बजे अग्निशमन विभाग को सूचना दी गई थी, जबकि फायर ब्रिगेड की पहली गाड़ी रात साढ़े 12 बजे पहुंची। अगर समय पर फायर कर्मी मौके पर पहुंच जाते और धनेंद्र कुमार को जल्द बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचा दिया जाता तो शायद उनकी जान बच सकती थी। धनेंद्र कुमार छह जून को दिल्ली जिमखाना क्लब में अपना जन्मदिन मनाने वाले थे। परिवार और करीबी दोस्तों के साथ बड़ी पार्टी की तैयारी चल रही थी। इसके बाद उन्हें अपनी बेटी रुचिरका कुमार के पास अमेरिका जाना था। लेकिन उससे पहले ही हौजखास स्थित उनके घर में लगी भीषण आग ने उनकी जिंदगी छीन ली। कुछ दिनों बाद जन्मदिन की खुशियां मनाने की तैयारी कर रहा यह परिवार बुधवार रात हुए हादसे के बाद मातम में डूब गया। हादसे में उनके बेटे गौरव भी झुलस गए। उनका अभी अस्पताल में इलाज चल रहा है।अभिषेक रंजन का कहना है कि घटना के दौरान गौरव लगातार लोगों से मदद मांगते रहे और कई बार अंदर जाने की कोशिश की, लेकिन आग इतनी भयानक थी कि वह पिता को समय पर बाहर नहीं निकाल पाए। पड़ोस में रहने वाले लोगों ने अपने-अपने घरों से पानी लाकर आग बुझाने की काफी कोशिश की, लोग बाल्टियों से पानी लाकर आग बुझाने में लगे रहे। पड़ोसयों का कहना है कि पुलिस तो जल्दी पहुंच गई, क्योंकि थाना बिल्कुल पास में है, लेकिन फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को पहुंचने में काफी वक्त लग गया। उनका कहना है कि यदि फायरब्रिगेड 20 से 25 मिनट की भी देरी से आ जाती तो धनेंद्र कुमार को बचाया जा सकता था। इस मामले में दमकल अधिकारी एके मलिक ने कहा कि 27 मई की रात 11:24 बजे हमें 112 से काल प्राप्त हुई थी। तुरंत फायर ब्रिगेड की दो गाड़ियां एक गीतांजलि फायर स्टेशन से और दूसरी भीकाजी कामा प्लेस फायर स्टेशन से भेज दी गईं। चूंकि गीतांजलि फायर स्टेशन घटनास्थल के अधिक नजदीक है, इसलिए वहां की गाड़ी सबसे पहले मौके पर पहुंच गई। जब तक भीकाजी कामा प्लेस की फायर ब्रिगेड की गाड़ी पहुंची, तब तक गीतांजलि की टीम पहले से ही आग बुझाने का काम शुरू कर चुकी थी।उन्होंने बताया कि फायर ब्रिगेड के पहुंचने से पहले ही पीसीआर टीम और स्थानीय लोगों द्वारा अंदर फंसे दोनों व्यक्तियों को बाहर निकाल लिया गया था। काल मिलने के लगभग 56 मिनट बाद आग पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया गया। इस दौरान फायर टेंडरों ने मौके पर सक्रिय रूप से आग बुझाने का कार्य किया और आग को पूरी तरह शांत किया, इसलिए यह कहना गलत होगा कि फायर ब्रिगेड देर से पहुंची। दिल्ली सरकार का बड़ा फैसला, 10 साल बाद 7.88 लाख नए राशनकार्ड जारी होंगे; पश्चिमी दिल्ली को सबसे ज्यादा
IAS अधिकारी घटना दमकल विभाग घटनास्थल घटना का आरोप
United States Latest News, United States Headlines
Similar News:You can also read news stories similar to this one that we have collected from other news sources.
दिल्ली के हौज खास में AC ब्लास्ट से भीषण आग, रिटायर्ड IAS अधिकारी की मौतदक्षिण दिल्ली के हौज खास में देर रात एक घर में लगी आग में रिटायर्ड IAS अधिकारी धनेंद्र कुमार की दम घुटने से मौत हो गई। शुरुआती जांच में AC के इनडोर यूनिट में धमाके को आग लगने की वजह माना जा रहा है, जबकि पुलिस ने फिलहाल किसी साजिश से इनकार किया है।
Read more »
दिल्ली में फिर AC में हुआ ब्लास्ट और घर में लगी आग, पूर्व IAS की मौतदिल्ली में एक बार फिर से AC ब्लास्ट की वजह से एक घर में आ गई. इस घटना में देश के पूर्व CCI चेयरमैन और वरिष्ठ IAS अधिकारी धनेंद्र कुमार की जान चल गई. यह हादसा 27 मई की आधी रात को हुआ है. इससे पहले दिल्ली के विवेक विहार में AC की वजह से भीषण आग में 9 लोगों की जान जा चुकी है.
Read more »
घर में आग लगने से रिटायर्ड IAS अफसर की मौत: AC ब्लास्ट हुआ था; कॉम्पिटीशन कमीशन के पहले चेयरमैन थे धनेंद्र कुमारDelhi Hauz Khas AC blast death of retired IAS officer Dhanendra Kumar. Follow Latest Updates.
Read more »
हौजखास में AC का इनडोर यूनिट फटने से घर में लगी आग, धुएं ने ली पूर्व IAS धनेंद्र कुमार की जान, क्यों फटते हैं AC?AC Blast in Hauzkhas: दिल्ली के हौजखास में देर रात पूर्व IAS के घर पर एसी ब्लास्ट हो गया. इस भयानक हादसे में रिटायर्ड अफसर धनेंद्र कुमार की मौत हो गई जबकि उनका बेटा अभी भी गंभीर हालात में है. दिल्ली-एनसीआर
Read more »
IAS Transfer: दूसरे राज्यों से राजस्थान कैडर में ट्रांसफर हुए ये दो यंग अफसर, जानिए तबादले की Inside Story | Two Ias Officers Transferred To Rajasthan Cadre On Marriage Grounds Do Pt Orderकेंद्र सरकार ने दो आईएएस अधिकारियों का कैडर बदलकर राजस्थान करने के आदेश जारी किए। अभिषेक जैन और अदिति वैष्णव का विवाह के आधार पर हुआ मरुधरा में ट्रांसफर।
Read more »
IAS अफसरों के बच्चों को क्यों मिले आरक्षण? Supreme Court के तीखे सवाल, आखिर क्योंIAS Officers Children Reservation & SC : कोर्ट ने कहाना था कि आरक्षण का उद्देश्य समाज के उन वर्गों को ऊपर उठाना था, जो वास्तव में सामाजिक और शैक्षणिक रूप से पिछड़े हैं।
Read more »




